फतेहपुर संवाददाता: मुंबई में आजीविका कमाने गए गया जिले के एक मजदूर की करंट लगने से दर्दनाक मौत हो गई। गुरुवार को जब मृतक का शव उनके पैतृक गांव धंछु पहुंचा, तो पूरे इलाके में कोहराम मच गया। परिजनों के चीख-पुकार से माहौल अत्यंत गमगीन हो गया और ग्रामीणों की आंखें नम हो गईं। बाद में स्थानीय श्मशान घाट पर मृतक के चार वर्षीय मासूम पुत्र ने मुखाग्नि देकर पिता का अंतिम संस्कार किया, जिसे देख वहां मौजूद हर शख्स भावुक हो उठा।
कमाने गए थे मुंबई, हादसे ने छीनी जिंदगी
प्राप्त जानकारी के अनुसार, फतेहपुर प्रखंड क्षेत्र के धंछु गांव निवासी विनोद यादव (38 वर्ष) करीब दस साल पहले अपने परिवार की आर्थिक स्थिति को सुधारने के लिए मुंबई गए थे। वे वहां मजदूरी कर अपने परिवार का भरण-पोषण कर रहे थे। सोमवार की शाम काम के दौरान वे अचानक बिजली के करंट की चपेट में आ गए, जिससे मौके पर ही उनकी मौत हो गई। घटना के बाद साथ में काम करने वाले सहयोगियों ने परिजनों को इसकी सूचना दी। कानूनी प्रक्रियाएं पूरी होने के बाद गुरुवार दोपहर उनका शव गांव लाया गया।
परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़
विनोद यादव अपने पीछे पत्नी, एक छह वर्षीय पुत्री और एक चार वर्षीय पुत्र को छोड़ गए हैं। वे अपने घर के एकमात्र कमाऊ सदस्य थे, जिसके कारण अब परिवार के सामने आजीविका और पालन-पोषण का गंभीर संकट खड़ा हो गया है। पति के असमय निधन से पत्नी का रो-रोकर बुरा हाल है और वे बार-बार बेहोश हो जा रही हैं, वहीं मासूम बच्चे इस बड़ी क्षति से अनजान बिलख रहे हैं।
मुआवजे की मांग:
ग्रामीण दशरथ यादव ने बताया कि विनोद ही पूरे परिवार का एकमात्र सहारा थे। उन्होंने राज्य सरकार और जिला प्रशासन से पीड़ित परिवार को तत्काल आर्थिक सहायता, पारिवारिक लाभ योजना तथा अन्य प्रासंगिक सरकारी योजनाओं का लाभ जल्द से जल्द मुहैया कराने की पुरजोर मांग की है।







