मगध लाइव न्यूज़ डेस्क | गया
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुजरात के बनासकांठा से शुक्रवार, 30 अक्टूबर 2026 को ‘पीएम-किसान उत्सव दिवस’ के अवसर पर पीएम-किसान सम्मान निधि योजना की 24वीं किस्त जारी कर दी है। गया जिले में इस योजना के तहत 2,80,458 किसानों के बैंक खातों में कुल 56,49,24,000 रुपये की बड़ी सम्मान राशि का सीधा हस्तांतरण किया गया है। इस ऐतिहासिक सौगात के मौके पर जिला कृषि कार्यालय गया, कृषि विज्ञान केंद्र मानपुर और आमस सहित जिले के सभी 24 प्रखंडों तथा 322 पंचायतों में विशेष उत्सव कार्यक्रमों का भव्य आयोजन किया गया।

हजारों किसानों ने एक साथ देखा सीधा प्रसारण जिले में इस कार्यक्रम का उत्साह चरम पर रहा। एनआईसी वेबकास्ट और यूट्यूब के जरिए जिला कृषि कार्यालय गया में 103 कृषकों के साथ-साथ प्रखंड और पंचायत स्तर पर लगभग 21,000 किसानों ने इस कार्यक्रम में डिजिटल रूप से हिस्सा लिया। इसके अलावा इफको, कृभको, अन्य सभी उर्वरक कंपनियों, सहकारी समिति, पैक्स, राज्य खाद्य निगम, राष्ट्रीय बीज निगम एवं किसानों से संबंधित अन्य सभी संस्थाओं के माध्यम से भी लगभग 2,000 किसानों को इस पूरे कार्यक्रम का लाइव प्रसारण दिखाया गया।
जैविक व व्यावसायिक खेती पर जोर, रासायनिक खाद से बचने की अपील कृषि विज्ञान केंद्र, मानपुर में ‘पीएम-किसान उत्सव दिवस’ का औपचारिक उद्घाटन केंद्रीय मंत्री माननीय जीतन राम मांझी द्वारा किया गया। इस मंच से केंद्रीय मंत्री ने किसानों से सीधा संवाद करते हुए रासायनिक उर्वरकों के प्रयोग में अत्यधिक सावधानी बरतने और इसके दुष्प्रभावों से खेत-मिट्टी को बचाने के लिए पूरी तरह से जैविक खेती अपनाने का आग्रह किया। आमदनी में इजाफे के लिए उन्होंने कृषकों से पारंपरिक खेती से आगे बढ़कर व्यावसायिक फसलों, विशेषकर सब्जी और दलहन आदि की खेती पर जोर देने का बड़ा आह्वान किया। इस मुख्य कार्यक्रम में जिला कृषि पदाधिकारी ई. मनोज राय, मानपुर कृषि विज्ञान केंद्र के वरीय वैज्ञानिक-सह-प्रधान डॉ. अनिल कुमार रवि, वैज्ञानिक डॉ. मोनिका पटेल व डॉ. रश्मि प्रियदर्शी, प्रगतिशील किसान रमेश सिंह सहित कृषि समन्वयक, बीटीएम, एटीएम, किसान सलाहकार और नगर, मानपुर, वजीरगंज तथा बोधगया प्रखंडों के लगभग 600 किसान उपस्थित रहे।
322 पंचायतों में चलेगा ‘खेत बचाओ अभियान’, 5 नवंबर को लगेगा विशाल किसान मेला रासायनिक उर्वरकों पर निर्भरता को कम करने के उद्देश्य से, माननीय केंद्रीय कृषि मंत्री के निर्देश के आलोक में जिले की सभी 322 पंचायतों में 26 अक्टूबर से 30 नवंबर 2026 तक एक व्यापक ‘किसान चौपाल-सह-खेत बचाओ अभियान’ चलाया जा रहा है। इस अभियान का मुख्य लक्ष्य पारंपरिक तरीके से जैविक खेती को बढ़ावा देना है, जिसके तहत 30,000 से 35,000 कृषकों को विशेष प्रशिक्षण दिया जाएगा। किसानों को और अधिक जागरूक करने के लिए 5 नवंबर 2026 को हरिदास सेमिनरी स्कूल स्थित संस्कृति केंद्र में कृषि मंत्री-सह-प्रभारी मंत्री (गया) की गरिमामयी उपस्थिति में एक भव्य ‘किसान मेला-सह-खेत बचाओ अभियान’ आयोजित होगा, जिसमें लगभग 1,000 किसान शामिल होंगे। जिलाधिकारी ने इस महत्वपूर्ण आयोजन की पूरी रूपरेखा तैयार करने हेतु जिला कृषि पदाधिकारी को सख्त और आवश्यक निर्देश जारी कर दिए हैं।







