मगध अपडेट बिहार राजनीति क्राइम शिक्षा खेल नौकरी धर्म

औरंगाबाद: देवकुंड थाना से खिड़की तोड़कर फरार हुए चार आरोपी, परिजनों ने पुलिस पर लगाया अभद्र व्यवहार का आरोप

On: Saturday, August 2, 2025 7:02 AM

औरंगाबाद, बिहार। जिले के गोह प्रखंड अंतर्गत देवकुंड थाना से एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है, जहां चोरी के आरोप में पकड़े गए चार आरोपी—including दो नाबालिग—थाना की खिड़की तोड़कर फरार हो गए। घटना को लेकर पुलिस विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े हो रहे हैं, वहीं परिजन भी पुलिस के व्यवहार पर गंभीर आरोप लगा रहे हैं। बुधवार को पुलिस ने एक लॉकेट चोरी के मामले में चार लोगों को हिरासत में लिया था। इनमें सोनू कुमार पर मुख्य चोरी का आरोप है, जबकि दो नाबालिग उसके सहयोगी बताए गए हैं। चौथा आरोपी आदित्य उर्फ रम्भु चोरी का लॉकेट खरीदने के आरोप में पकड़ा गया था।

चौकीदार की लापरवाही से भागे आरोपी

थानाध्यक्ष धर्मेंद्र कुमार ने मीडिया से बातचीत में बताया कि चारों को थाना परिसर के एक कमरे में पूछताछ के लिए रखा गया था और चौकीदार की निगरानी में थे। लेकिन गुरुवार की रात के बाद किसी समय चारों आरोपी खिड़की तोड़कर फरार हो गए। उन्होंने माना कि घटना चौकीदार की लापरवाही से हुई और बताया कि आरोपियों की तलाश तेज कर दी गई है।

परिजनों ने लगाए धमकाने और अभद्रता के आरोप

फरारी की जानकारी मिलने के बाद पुलिस ने आरोपियों की तलाश में उनके घरों पर दबिश दी। इस दौरान परिजनों ने पुलिस पर अभद्र भाषा के प्रयोग, गाली-गलौज और महिलाओं को धमकाने जैसे गंभीर आरोप लगाए हैं। आरोपी रम्भु की पत्नी खुशबू कुमारी ने बताया, “रात में मैं खाना देने गई थी, तब मेरे पति थाना में थे। सुबह चौकीदार खुद घर आकर पूछ रहे थे कि ‘पति कहां है?’ जब पूछा कि थाना में बंद व्यक्ति घर कैसे आ सकता है, तो बोले कि कपड़े लेने आया होगा। अब पुलिस हमें धमका रही है कि पति को नहीं लाए तो जेल भेज देंगे।”

वहीं, सोनू कुमार की पत्नी गुलशन देवी ने बताया, “दो दिन पहले घर की तलाशी ली गई थी और उसके बाद मेरे पति को चोरी के आरोप में पकड़ लिया गया। अब पुलिस बार-बार आकर गालियां दे रही है और धमका रही है कि पति को नहीं लाए तो हमें उठा ले जाएंगे। क्या यही कानून है?”

पुलिस की कार्यशैली पर उठे सवाल

इस पूरे घटनाक्रम ने न सिर्फ देवकुंड थाना की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े किए हैं, बल्कि पुलिस द्वारा आरोपियों के परिजनों के साथ किए गए व्यवहार को लेकर भी विवाद खड़ा हो गया है। स्थानीय लोग इसे पुलिसिया दबाव और अमानवीयता बता रहे हैं। देवकुंड थाना से फरार चारों आरोपियों की तलाश में पुलिस लगातार छापेमारी कर रही है। थाने से फरारी की यह घटना न केवल सुरक्षा में चूक को दर्शाती है, बल्कि जेल परिसर की निगरानी व्यवस्था की खामियों को भी उजागर करती है।

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now

Leave a Comment

📰 Latest:
गया में नकली साबुन फैक्ट्री का भंडाफोड़: ब्रांडेड कंपनी के नाम पर चल रहा था फर्जीवाड़ा, पुलिस ने जब्त किए 500 से अधिक पैकेट | बाराचट्टी से फतेहपुर के दो एटीएम शातिर गिरफ्तार: एटीएम बदलकर ठगी करने वाले गिरोह का भंडाफोड़, 41 कार्ड बरामद | खुशखबरी: अब आपका बिजली बिल आएगा ’00’, गया के हरिदास सेमिनरी में 25 फरवरी को बिजली विभाग बताएगा ‘जीरो बिल’ का फॉर्मूला! | पूर्वज की विरासत को सम्मान: मेरोखाप के मुख्य मार्ग का नाम ‘श्री शंभु शरण मार्ग’ रखने की उठी माँग | गया: किसानों के लिए ‘फार्मर रजिस्ट्री’ महाअभियान तेज, अब गांव-गांव में बनेगी डिजिटल आईडी; लापरवाही पर डोभी BAO का वेतन बंद | फतेहपुर में सियासी घमासान: प्रमुख और उपप्रमुख की कुर्सी पर संकट, 14 सदस्यों ने खोला मोर्चा | कला और सेवा का संगम: सारंग आर्ट एंड म्यूजिक द्वारा निशुल्क नेत्र जांच शिविर का सफल आयोजन | जहानाबाद: स्मार्ट मीटर की भ्रांतियां दूर करने के लिए बिजली विभाग का ‘गांव-गांव’ अभियान, ग्राम सभाओं से उपभोक्ताओं को किया जागरूक | आईआईएम बोधगया के शानदार 10 साल: भारतीय डाक विभाग ने विशेष स्मारक लिफाफा जारी कर दी गौरवमयी उपलब्धि को मान्यता | गया में भीषण सड़क हादसा: अनियंत्रित स्कॉर्पियो बिजली के खंभे से टकराई, पूर्व प्रमुख के दामाद की मौत, 4 घायल |