बिहार के मुख्यमंत्री की हालिया घोषणा के आलोक में गया जिले में नए राशन कार्ड निर्गत करने की प्रक्रिया को तेज करने के लिए प्रशासनिक कवायद शुरू हो गई है। इसी सिलसिले में आज गया के जिला पदाधिकारी (DM) श्री शशांक शुभंकर ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से एक उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक की। इस बैठक में सभी अनुमंडल पदाधिकारी, जिला आपूर्ति पदाधिकारी और सभी प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारी (MO) शामिल हुए। जिलाधिकारी ने बैठक में स्पष्ट निर्देश दिया कि जिले में नए राशन कार्डों के निर्माण का कार्य पूरी तरह से ‘कैम्प मोड’ यानी शिविर आधारित चलाकर लक्षित परिवारों को जल्द से जल्द इसका लाभ दिया जाए।
बैठक के दौरान एक महत्वपूर्ण तकनीकी बदलाव की जानकारी देते हुए बताया गया कि विभाग द्वारा पूर्व में संचालित आर.सी. ऑनलाइन एवं ऑफलाइन पोर्टल को अब पूरी तरह बंद कर दिया गया है। इसके स्थान पर भारत सरकार के SMART-PDS के RCMS Module को लागू किया गया है। अब राशन कार्ड से जुड़े सभी नए आवेदन और उनके निष्पादन (Processing) का कार्य इसी नए और उन्नत पोर्टल के माध्यम से संपन्न किया जाएगा।
प्रशासन ने इस अभियान को समयबद्ध तरीके से पूरा करने के लिए कड़े लक्ष्य निर्धारित किए हैं, जिसके तहत गया जिले के लिए कुल 38,400 नए राशन कार्ड निर्गत करने का लक्ष्य रखा गया है। कार्य को गति देने के लिए प्रतिदिन 1,280 राशन कार्ड तैयार करने का टास्क दिया गया है और इस पूरे अभियान को आगामी 13 अगस्त 2026 तक हर हाल में शत-प्रतिशत पूरा करने का कड़ा निर्देश दिया गया है।
जिलाधिकारी श्री शशांक शुभंकर ने सभी प्रखंड विकास पदाधिकारियों (BDO), प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारियों और संबंधित अधिकारियों को विस्तृत दिशा-निर्देश जारी किए हैं। उन्होंने कहा कि सभी प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारी पंचायत स्तर पर विशेष शिविरों का आयोजन करें, जहां पात्र परिवारों से आवेदन प्राप्त कर नियमों के तहत त्वरित जांच की जाए और दैनिक लक्ष्य की शत-प्रतिशत प्राप्ति सुनिश्चित की जाए। इस पूरे अभियान की नियमित मॉनिटरिंग और समीक्षा की जिम्मेदारी संबंधित अनुमंडल पदाधिकारियों (SDO) को सौंपी गई है, ताकि कहीं भी कार्य में शिथिलता न आए।
प्रेस विज्ञप्ति के माध्यम से जिला पदाधिकारी ने जिले के नागरिकों से भी अपील की है कि जो भी पात्र परिवार अभी तक किसी कारणवश राशन कार्ड से वंचित रह गए हैं, वे अपने आवश्यक दस्तावेजों के साथ पंचायत स्तर पर आयोजित होने वाले शिविरों में या सीधे अपने प्रखंड कार्यालय में जाकर आवेदन जमा कर सकते हैं। इसके अलावा, नागरिक नए पोर्टल के माध्यम से ऑनलाइन आवेदन का विकल्प भी चुन सकते हैं।







