टिकारी प्रखंड की खनेटू पंचायत अंतर्गत रूपसपुर गाँव में आस्था और परंपरा की एक मिसाल देखने को मिली। वर्ष 1996 से लगातार चली आ रही माँ दुर्गा की पूजा की परंपरा इस बार भी पूरे श्रद्धा-भाव से निभाई गई। शारदीय नवरात्र के दौरान नौ दिनों तक चले पूजा-पाठ का समापन महानवमी के शुभ अवसर पर विधिवत हवन के साथ हुआ, जिसमें बड़ी संख्या में ग्रामीण शामिल हुए।

पूरे नौ दिनों तक चले पूजा-अर्चना और दुर्गा पाठ का संचालन आचार्य रिंकू पंडित जी ने वैदिक रीति-रिवाजों के अनुसार कराया। महानवमी के दिन पाठ की पूर्णाहुति के बाद आयोजित हवन में ग्रामीणों ने भक्तिभाव से आहुति अर्पित की और माँ दुर्गा से परिवार, गाँव एवं समाज की सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना की।
आयोजन में सच्चिदानंद सिन्हा कॉलेज, टिकारी के पूर्व प्रोफेसर सरयू प्रसाद सिंह विशेष रूप से उपस्थित रहे। पूजा के मुख्य श्रोता के रूप में राजेश सिंह एवं राजू सिंह शामिल हुए। हवन के दौरान लालजी सिंह, बिट्टू, मुद्रिका सिंह, अमित सिंह, सौरव कुमार, नवीन, प्रवीण, अभिषेक कुमार और मंटू सिंह सहित बड़ी संख्या में ग्रामवासियों ने भाग लिया।
रूपसपुर की यह परंपरा ग्रामीणों की आस्था, धार्मिक विश्वास और सामाजिक एकता का प्रतीक मानी जाती है। हर वर्ष नवरात्र में ग्रामीण एकजुट होकर पूजा में हिस्सा लेते हैं। महानवमी पर हवन के साथ पूरा गाँव भक्तिमय हो उठा और चारों ओर माँ दुर्गा के जयकारे गूँजते रहे। अंत में ग्रामीणों ने सभी के जीवन में सुख, शांति, समृद्धि और आरोग्य बने रहने की प्रार्थना की।







