मगध अपडेट बिहार राजनीति क्राइम शिक्षा खेल नौकरी धर्म

गुरपा के गुरुपद गिरी पर्वत पर उमड़ा आस्था का जनसैलाब, भारी भीड़ के कारण बिना दर्शन लौटे हजारों श्रद्धालु

On: Sunday, August 16, 2026 11:15 PM

मगध लाइव संवाददाता | फतेहपुर (गया)

बिहार के गुरपा स्थित ऐतिहासिक गुरुपद गिरी पर्वत पर रविवार को आस्था का ऐसा सैलाब उमड़ा कि प्रशासन की सारी व्यवस्थाएं छोटी पड़ गईं। बिहार, झारखंड, उत्तर प्रदेश और महाराष्ट्र समेत कई राज्यों से पहुंचे श्रद्धालुओं की भारी भीड़ के कारण हालात ऐसे बन गए कि हजारों लोगों को बिना दर्शन किए ही बैरंग वापस लौटना पड़ा। रविवार तड़के सुबह करीब चार बजे से ही पर्वत पर चढ़ने वाले श्रद्धालुओं की जो लंबी कतार लगनी शुरू हुई, वह देर शाम तक अनवरत जारी रही।

दर्शनार्थियों की संख्या इतनी अधिक थी कि पर्वत के शिखर पर स्थित मुख्य मंदिर तक जाने वाले सुरंगनुमा संकरे रास्ते पर भारी जाम की स्थिति पैदा हो गई। इस भीषण भीड़ को नियंत्रित करने में पुलिस-प्रशासन को कड़ी मशक्कत करनी पड़ी। सुरक्षा और किसी भी तरह की अनहोनी की आशंका को देखते हुए पुलिस ने वन-वे ट्रैफिक की व्यवस्था लागू की। इसके तहत एक बार में कुछ ही श्रद्धालुओं को सुरंग के रास्ते ऊपर जाने की अनुमति दी गई। वहीं, करीब एक घंटे के इंतजार के बाद ऊपर गए लोगों को दूसरी ओर से नीचे उतरने का रास्ता दिया जा रहा था। इस धीमी प्रक्रिया के कारण श्रद्धालुओं को मुख्य मंदिर तक पहुंचने और वापस आने में घंटों का समय लग रहा था।

समय लगातार बीत रहा था और कतार छोटी होने का नाम नहीं ले रही थी, जिसके चलते दूर-दराज से आए कई श्रद्धालुओं का धैर्य जवाब दे गया। महाराष्ट्र के औरंगाबाद से अपने स्थानीय गाइड के साथ पहुंचे श्रद्धालु राजेश बोलकर ने अपना अनुभव साझा करते हुए बताया कि वह काफी उत्साह के साथ गुरुपद गिरी पर्वत पर दर्शन के लिए आए थे, लेकिन घंटों इंतजार के बाद भी जब उनका नंबर नहीं आया, तो उन्हें निराश होकर बिना दर्शन के ही नीचे लौटना पड़ा। कुछ ऐसा ही हाल उत्तर प्रदेश से आए अमित कुमार का भी रहा। अमित ने बताया कि वह मंदिर जाने के लिए करीब दो घंटे तक कतार में खड़े रहे। जब उन्हें लगा कि भीड़ के कारण दर्शन में अभी काफी वक्त लगेगा, तो उन्होंने बाहर से ही देवी-देवताओं को हाथ जोड़कर प्रणाम किया और अपनी वापसी की राह पकड़ ली।

इस अप्रत्याशित भीड़ को लेकर मंदिर के मुख्य पुजारी मनोज कुमार मिश्रा और सुबोध पांडे ने भी हैरानी जताई। पुजारियों ने बताया कि रविवार की देर शाम तक करीब 13 से 15 हजार श्रद्धालु दर्शन कर चुके थे। उनके अनुसार, मंदिर के इतिहास में रविवार के दिन इससे पहले इतनी बड़ी संख्या में भक्तों की भीड़ यहाँ कभी नहीं देखी गई थी।

इतने बड़े जनसैलाब को काबू में रखने और श्रद्धालुओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए स्थानीय प्रशासन पूरे दिन अलर्ट मोड पर रहा। टनकुप्पा थाने के एएसआई राकेश कुमार और फतेहपुर थाने के एएसआई मनोज कुमार के नेतृत्व में बिहार पुलिस और होमगार्ड के जवान चप्पे-चप्पे पर मुस्तैद रहे। पुलिसकर्मियों ने पूरे दिन कड़ी मेहनत कर भीड़ को नियंत्रित किया और श्रद्धालुओं को सुरक्षित तरीके से पर्वत के दुर्गम रास्तों पर चढ़ने और उतरने में मदद की।

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now

Leave a Comment

📰 Latest:
अनशन और शिकायतों के बाद प्रशासनिक कार्रवाई, कोंच बीईओ का प्रभार बदला गया | वर्दी पहनकर परिवार का नाम रोशन करने निकला था बेटा, बक्सर में ट्रेनिंग के दौरान गई जान; वजीरगंज में पसरा मातम | अतरी में दर्दनाक हादसा: मतबलवा आहार में नहाने गई 14 वर्षीय किशोरी की डूबने से मौत, आजाद नगर में पसरा मातम | अनशन तीसरे दिन भी जारी, एसडीओ-डीपीओ से वार्ता विफल, विधायक ने दी 24 घंटे की चेतावनी | मगध का सबसे बड़ा ‘नटवरलाल’ बेनकाब! मजदूरी से अरबों के साम्राज्य तक, लग्जरी गाड़ियों में घूमने वाले दीपक शर्मा ने बिछाया 150 करोड़ का जाल | पितृपक्ष मेला 2026: यात्रियों की सुविधा के लिए रेलवे मुस्तैद, डीआरएम ने बारिश के बीच रात में किया गया स्टेशन का औचक निरीक्षण | मगध में अपराधियों के लिए खतरे की घंटी: आईजी विकास वैभव का सख्त अल्टीमेटम— ‘अपराध छोड़ें या मगध’ | गया-कोडरमा रेलखंड पर भारी बारिश से टनल के पास लैंडस्लाइड, अप लाइन पर मलबा गिरने से कई ट्रेनें फंसी | वैशाली: BPSC शिक्षिका ने किराये के मकान में लगाई फांसी, तीन माह पहले हुई थी लव मैरिज | ब्रेकिंग न्यूज: बिहटा में सोन नदी के बीच पुलिस और अपराधियों की भीषण मुठभेड़: टॉप-10 बदमाश को लगी गोली, एसआई भी घायल |