मगध लाइव न्यूज़ डेस्क | गयाजी
मोक्ष नगरी गयाजी में केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) की 47वीं बटालियन ने जनसेवा और सामाजिक सरोकार की एक अनूठी मिसाल पेश की है। केंद्रीय कारागार के पीछे स्थित पौराणिक महत्व रखने वाले सरयू सरोवर और उसके आसपास फैले कचरे के साम्राज्य को समाप्त करने के लिए सीआरपीएफ जवानों ने एक विशेष स्वच्छता अभियान चलाया। बल की कमान संभाल रहे अधिकारियों और जवानों के इस भगीरथ प्रयास से सरयू सरोवर परिसर की पूरी तस्वीर बदल गई है और लंबे समय से गंदगी का दंश झेल रहे स्थानीय निवासियों तथा सुबह-शाम सैर करने वाले लोगों को बड़ी राहत मिली है।
कमांडेंट अवधेश कुमार के नेतृत्व में चला स्वच्छता का महाअभियान

सीआरपीएफ 47 बटालियन मुख्यालय के तत्वावधान में आयोजित यह स्वच्छता अभियान कमांडेंट अवधेश कुमार की सीधी देखरेख में संपन्न हुआ। अभियान के दौरान जवानों ने पूरी निष्ठा और मुस्तैदी के साथ सरोवर के चारों ओर बिखरे प्लास्टिक, अपशिष्ट पदार्थों और उगी हुई झाड़ियों को हटाकर पूरे परिसर की गहन सफाई की। इस दौरान कमांडेंट अवधेश कुमार ने स्वच्छता के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि एक स्वच्छ और सुंदर पर्यावरण का निर्माण करना केवल किसी एक संस्था का नहीं, बल्कि समाज के हर नागरिक का सामूहिक दायित्व है। सार्वजनिक स्थलों की नियमित देखभाल न केवल पर्यावरण को संतुलित रखती है, बल्कि जनस्वास्थ्य पर भी इसका सीधा और सकारात्मक प्रभाव पड़ता है। उन्होंने आम नागरिकों से भी स्वच्छता को अपनी जीवन शैली में शामिल करने का आह्वान किया।
जवानों के साथ कदम से कदम मिलाकर आगे आए स्थानीय नागरिक
इस पुनीत कार्य में सीआरपीएफ के वरिष्ठ अधिकारियों ने अग्रिम पंक्ति में रहकर जवानों का मार्गदर्शन किया। अभियान में द्वितीय कमान अधिकारी केके सिंह, द्वितीय कमान अधिकारी अनिल कुमार सिंह, डिप्टी कमांडेंट पंकज कुमार तथा सूबेदार मेजर सत्येंद्र सिंह सहित बड़ी संख्या में बल के जवानों ने भाग लिया। जवानों के इस उत्साह और समर्पण को देखकर सरोवर के आसपास रहने वाले और नियमित रूप से भ्रमण करने वाले स्थानीय लोग भी स्वतःस्फूर्त होकर इस अभियान से जुड़ गए। नागरिकों ने हाथ बटाते हुए पूरे परिसर को चमकाने में अपना महत्वपूर्ण योगदान दिया।
दुर्गंध से मिली मुक्ति, क्षेत्रवासियों ने की सीआरपीएफ के प्रयास की मुक्तकंठ से सराहना
स्थानीय निवासियों और प्रातःकालीन भ्रमणकारियों में इस अभियान को लेकर भारी उत्साह देखा गया। लोगों ने अपनी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा कि सरयू सरोवर परिसर में लंबे समय से कचरा जमा होने के कारण तीखी दुर्गंध फैलती थी, जिससे लोगों का चलना-फिरना दूभर हो गया था। सीआरपीएफ 47 बटालियन द्वारा चलाए गए इस सराहनीय अभियान ने न केवल इस समस्या से मुक्ति दिलाई है, बल्कि पर्यावरण संरक्षण का एक बड़ा संदेश भी दिया है। स्थानीय नागरिकों ने जवानों के इस सामाजिक कार्य की जमकर सराहना करते हुए उम्मीद जताई कि ऐसे प्रेरणादायक अभियान भविष्य में भी लगातार आयोजित किए जाते रहेंगे।







