in

पं. रामानन्द तिवारी संस्कृत प्राथमिक सह माध्यमिक विद्यालय के प्रांगण में किया गया झण्डोत्तोलन

रिपोर्ट – संतोष कुमार सिंह

गया:पुलिस लाईन स्थित पं. रामानन्द तिवारी संस्कृत प्राथमिक सह माध्यमिक विद्यालय के प्रांगण में 73वें गणतंत्र दिवस पर झण्डोत्तोलन किया गया। इस मौके पर विद्यालय के सचिव जनकवि रमेश मिश्र ‘मानव’ ने झण्डे की सलामी दी और झण्डोत्तोलन किया। विद्यालय के प्रधानाचार्य डॉ. रामजतन मिश्र ने भारत के महान स्वतंत्रता सेनानियों के जीवनी पर प्रकाश डालते हुए बताया कि मगध के विभूतियों के साथ पूर्व से ही उनके बलिदान को कम करके आंका गया। यह बात सामाजिक कार्यकर्त्ता बड़े नेता त्रिवेणी शर्मा सुधाकर कहा करते थे।

उन्होंने बताया कि 1857 के क्रांति में शामिल कई स्वतंत्रता सैनानी है जो सरकार के उपेक्षा के शिकार है। जिनमे सिपाही विद्रोह के मंगल पाण्डेय, किसान और क्रांतिकारी नेता यदुनन्दन शर्मा एवं पं. अनन्तदेव मिश्र जी आते हैं। जिनके चलते और जिनकी कृपा से आज तिरंगा लहरा रहा है। उनको उचित सम्मान अब हम सब ले के रहेंगे। किसान से जूड़े समस्या हो या गुरारू चीनी मिल को सहयोग समिति के माध्यम से चलाना एक नायाब उदाहरण है। उनके मार्ग पर ही दूसरे राज्यों में सहयोग समितियाँ बुलंदी पर है। जिसमें अमूल और लिज्जत पापड़ अग्रणी है। कॉपरेटिव के जन्मदाता पं. अनन्त देव मिश्र के सहयोग समिति के मार्ग पर बिहार के गाँव-गाँव में महिला समूह का गठन किया गया और आत्मनिर्भर बन रहीं है। श्रीमति संजू कुमारी शिक्षिका, अमित पाण्डेय, शशि भ्ूाषण, शंकर आचार्य, अन्जू देवी, सहोदर पासवान आदि ने अपने विचार रखे। तत्पश्चात बच्चों को पुरस्कार वितरण किया गया। नेताओं के सम्मान में भारत रत्न देने की मांग को सभी लोगों ने स्वागत किया। इसके लिए आन्दोलन में जूड़ने की स्वेच्छा से अपने को तैयार रहने की बात कही।

What do you think?

Written by DIGITAL DESK

Leave a Reply

GIPHY App Key not set. Please check settings

तृषि करेंगी सीयूएसबी का राष्ट्रीय पर्यावरण युवा संसद में प्रतिनिधित्व

गणतंत्र दिवस के मौके पर शहीद भगत सिंह यूथ परिवार के 26 रक्तविरो ने किया रक्तदान